MEDICAL TEST AFTER 40- इन बीमारियों से बचने के लिए करवाएं ये 6 TEST

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Medical tests for women after 40- get these 6 test for a healthy life

मोनिका अग्रवाल:

Medical Test After 40 क्यों जरुरी है मैं अक्सर महिलाओं के बीच इस विषय पर चर्चा का हिस्सा बनती हूं. दरअसल महिलाएं 40 की उम्र पार करती नहीं की उनमें कई तरह की बीमारियों का खतरा भी शुरू होने लगता है. आपको बेशक लगता हो आप रोजना एक्सरसाइज करती हैं, अपनी फिटनेस का ध्यान रखती हैं लेकिन इसका मतलब नहीं कि आप शारीरिक रुप से बिलकुल फिट हैं.




आप सेहतमंद रहें इसके लिए जरुरी है कि समय-समय पर जरुरी Medical Test कराती रहें. ज्यादतर महिलाएं 40 की उम्र के बाद कई तरह की बीमारियों का शिकार होने लगती हैं.

Dr. Sunita Maheshwari, Senior Consultant Physician

Jaypee Hospital Noida की Senior Consultant Physician Dr. Sunita Maheshwari के मुताबिक ज्यादातर महिलाओं में थायराइड,ऑस्टियोपोरोसिस, ब्लड प्रेशर ,सर्वाइकल कैंसर, कोलेस्ट्रॉल या मधुमेह कुछ और अन्य तरह की बीमारियां घेरने लगती हैं. लेकिन टेस्ट नहीं करवाने या बीमारी का कोई संकेत नहीं मिलने के कारण वे इससे अंजान रहती हैं.




कई बार कुछ बीमारी संकेत देती रहती हैं पर वे समझ नहीं पाती हैं. बाद में जब बीमारी गंभीर रुप धारण कर लेती है तब इसका पता चलता है. इसलिए जरुरी है कि 40+ के होते ही आप कुछ जरुरी टेस्ट करवा लें.

 किन बीमारियों से बचने के लिए Medical Test After 40 जरुरी है

1-ब्रेस्ट या स्तन कैंसर (Breast Cancer)

बेस्ट कैंसर का खतरा अक्सर उम्र बढ़ने के साथ दोगुना हो जाता है. यह महिलाओं में पायी जाने वाली सबसे आम बीमारी है. पर इसका मतलब यह बिलकुल नहीं है कि पुरुषों में यह समस्या नहीं हो सकती.




ब्रेस्ट कैंसर पश्चिमी देशों की तुलना में भारतीय महिलाओं को कम उम्र में भी अपना शिकार बना रहा है. भारतीय औरतों में स्तन कैंसर होने की औसत उम्र लगभग 47 साल है, जो कि पश्चिमी देशों के मुकाबले 10 साल कम है.

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हांलाकि सही जानकारी, थोड़ी सी सावधानी और समय पर इसके लक्षणों की पहचान और इलाज से इस समस्या को हराया जा सकता है.

मोनिका अग्रवाल

2- ऑस्टियोपोरोसिस (Osteoporosis)

वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन की गणना के अनुसार भारत में प्रत्येक तीसरी महिला के मेनोपाज होने के बाद इस बीमारी के होने की आशंका बढ़ जाती है. इससे कई बार महिलाओं की हड्डियां टूटने का भी खतरा बना रहता है.

3-सर्वाइकल कैंसर (Cervical Cancer)
सर्वाइकल कैंसर के बारे में जल्द ही पता चल जाए तो इसका इलाज भी संभव है और इसके लक्षण सात से दस साल तक सामान्य ही नजर आ सकते हैं. इसलिए जांच करवाना जरूरी है.

Pik Cour: Everyday Health

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4-ब्लड प्रेशर (Blood Pressure)
बढ़ती उम्र महिलाओं में ब्लड प्रेशर का खतरा बढ़ जाता है. अगर आपको शुगर, हृदय रोग या किडनी से संबंधित कोई समस्या है, तो रक्तचाप होने की पूरी संभावना होती है.

5-कोलेस्ट्रोल (Cholesterol)
ब्लड प्रेशर होने के साथ-साथ महिलाओं में कोलेस्ट्रॉल की भी समस्या हो जाती है. चालीस या उससे अधिक उम्र की महिलाओं को हर पांच साल में कोलेस्ट्रोल की जांच जरूर करानी चाहिए.

6-डायबिटीज (Diabetes)
यह अपने आप में एक गंभीर समस्या है. अगर शुरुआती अवस्था में इसका पता चल जाता है तो इसे नियंत्रित करना आसान हो जाता है.

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अगर सही समय पर इसका पता ना चले तो महिलाओं में हृदय रोग, किडनी रोग व आंखों से संबंधित समस्याओं की आशंका बढ़ जाती है. इसलिए महिलाओं को साल में कम से कम एक बार डायबिटीज की जांच जरूर करानी चाहिए.

महिलाओं को अपने सेहत बरकरार रखने के लिए समय-समय पर जरूरी जांच कराते रहना चाहिए. इससे वे गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से बची रहती हैं.

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